उत्तर प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए योगी सरकार भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या में उनकी 251 मीटर ऊंची प्रतिमा लगाएगी। सरयू के किनारे सटे 100 हेक्टेअर जमीन पर यह प्रतिमा लगाई जाएगी। यह विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा होगी। बता दें कि, विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा गुजरात के केवड़िया में स्टेच्यू ऑफ यूनिटी है, जिसकी ऊंचाई 182 मीटर है।

सोमवार को लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हाई पावर कमेटी की बैठक में ये निर्णय लिये गये। बैठक में तय किया गया कि मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में एक ट्रस्ट का गठन किया जाएगा। इसमें ट्रस्ट का नाम और उनके ट्रस्टी भी तय किए जाएंगे। पहले डिजाईन कंसलटेंट के लिए राजकीय निर्माण निगम का चयन हुआ था, पर बाद में इसे निरस्त करते हुए नए सिरे से प्रक्रिया शुरू करने का फैसला किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा है कि सरयू के किनारे इस प्रतिमा को स्थापित करने के लिए जल्द काम शुरू किया जाए। वहीं, प्रतिमा के साथ-साथ अयोध्या के समग्र विकास के लिए पूरी योजना तैयार होनी चाहिए। इसमें भगवान श्रीराम पर आधारित डिजिटल म्यूजियम, इंटरप्रेटेशन सेंटर, लाइब्रेरी, पार्किंग, फूड प्लाजा, लैंडस्केपिंग के साथ साथ पर्यटकों के मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था हो।

गुजरात से लिया जाएगा सहयोग
इस प्रतिमा को लगाने के लिए गुजरात से तकनीकी सहायता व मार्गदर्शन लिया जाएगा। इसके लिए गुजरात सरकार के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किया जाएगा। इसके लिए राजकीय निर्माण निगम की अलग से एक इकाई की स्थापना भी की जाएगी। संबंधित विभागों से एक-एक नोडल अधिकारी भी इसके लिए नियुक्त किये जाएंगे। बैठक में उप मुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा व केशव प्रसाद मौर्या, मंत्री सुरेश खन्ना, सतीश महाना, मुख्य सचिव अनूपचंद्र पाण्डेय, अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी भी मौजूद रहे।