बांग्लादेशी अभिनेत्री अंजू घोष ने आज कोलकाता में भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ले ली। अंजू घोष पश्चिम बंगाल के भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष की मौजूदगी में भाजपा में शामिल हुईं। वहीं, जब उनसे उनकी वर्तमान नागरिकता के बारे में पूछा गया तो उन्होंने इस पर बोलने से इनकार कर दिया। हालत ये थी कि बीजेपी के बड़े नेता भी अंजू की नागरिकता के बारे में मुंह नहीं खोल पा रहे थे।

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, बीजेपी में शामिल होने के दौरान जब पत्रकारों ने अंजू घोष से उनकी वर्तमान नागरिकता को लेकर सवाल किया तो उन्होंने इस पर कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। बता दें कि बीजेपी में लगातार नेताओं के शामिल होने का सिलसिला जारी है। इससे पहले दो-तीन राउंड में विजयवर्गीय की उपस्थिति में टीएमसी के विधायक समेत कई नेता बीजेपी का दामन थाम चुके हैं।

अंजू घोष की नागरिकता विवाद पर सोशल मीडिया में सवाल उठने लगे है, यूजर्स यह कह रहे है कि BJP की ऐसी कौन सी मजबूरी है जो एक बंगलादेशी को पार्टी में शामिल कर रही है?

इससे पहले चुनावों के दौरान टीएमसी के समर्थन में प्रचार करने आए एक बांग्लादेशी एक्टर को केंद्र सरकार ने देश छोड़ने का आदेश दिया था। बता दें कि पश्चिम बंगाल में बांग्लादेशी फिल्म इंडस्ट्री का खासा प्रभाव है। इसी के चलते यहां की पार्टियां अक्सर बांग्लादेशी एक्टर और एक्ट्रेसेस का सियासी इस्तेमाल करती हैं। जिसपर इससे पहले तक बीजेपी विरोध करती रही है।

बता दें बांग्लादेशी अभिनेत्री अंजू घोष की 1989 में आई फिल्म बेदेर मेये जोसना बांग्लादेश फिल्म इतिहास की सबसे ज़्यादा कमाई वाली फिल्म है। अंजू घोष ने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत 1982 में फिल्म सौदागर से की थी। उन्होंने अपने फिल्मी करियर में बतौर अभिनेत्री करीब 20 फिल्में की हैं।