प्रशासनिक सेवा छोड़कर नेता बने शाह फैसल (Shah Faesal) को 14 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था जब वह देश छोड़कर भागने के फिराक में थे। वह देश छोड़कर क्यों भाग रहे थे अब इसका खुलासा हो गया है। दरअसल वह इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (ICJ) में भारत के खिलाफ मामला दर्ज कराने की तैयारी में थे। वे अनुच्छेद-370 समाप्त करने के केंद्र सरकार के फैसले के खिलाफ याचिका दायर करने वाले थे।

सूत्रों के मुताबिक, शाह फैसल तुर्की के रास्ते नीदरलैंड के हेग शहर जाने वाले थे ताकि वह आइसीजे में भारत के खिलाफ मामला दर्ज करा सकें। हालांकि संयुक्त राष्ट्र के चार्टर के मुताबिक कोई भी आम आदमी निजी हैसियत से आइसीजे में केस दायर नहीं कर सकता।

गौरतलब है कि तुर्की जाते 14 अगस्त को उन्हें दिल्ली के इंदिरा गांधी एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया था। फिलहाल, उन्हें जम्मू-कश्मीर में शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में बंद रखा गया है। वहां पीडीपी, पीपुल्स कांफ्रेंस, जेकेपीएम और नेकां के कई नेता और कार्यकर्ता भी बंदी बनाकर रखे गए हैं। शाह के संगठन का नाम जम्मू कश्मीर पीपुल्स मूवमेंट हैं।

ज्ञात हो कि जम्मू और कश्मीर के शाह फैसल ने साल 2010 में सिविल सेवा परीक्षा में टॉप किया था। उन्होंने कश्मीर में हत्याओं और केंद्र सरकार की ओर से गंभीर प्रयास नहीं किए जाने का आरोप लगाते हुए नौकरी से इस्तीफा दिया था।