आगरा के बाद उत्तरप्रदेश के मेरठ से सटे सरधना इलाके से भी अनुसूचित जाति और मुस्लिम समुदाय के बीच साम्प्रदायिक तनाव की खबर सामने आई हैं। खबरों के मुताबिक मुस्लिम समुदाय ने मामूली विवाद के बाद दलित समुदाय के साथ जमकर मारपीट की, साथ में पथराव और फायरिंग भी हुई। इस घटना में तकरीबन आधा दर्जन लोग घायल हो गए। सूचना मिलते

ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया।

क्या था मामला?

अमर उजाला के मुताबिक सरधना थानाक्षेत्र के दुर्वेशपुर गांव में अनूसूचित जाति के अंकुर पुत्र सुरेश  बुधवार को साइकिल लेकर आ रहा था इस दौरान मुस्लिम पक्ष के शब्बीर पुत्र रमजान को साइकिल की साइड लग गई। इस पर दोनों में कहा-सुनी होने के बाद मामला निपट गया।

शनिवार को अंकुर की चचेरी बहन की शादी थी। शाम के समय वह अपने घर से रिश्तेदारों को छोड़ने जा रहा था। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच फिर से कहा सुनी हो गई। काफी मारपीट के बाद रात को जैसे-तैसे मामला शांत हुआ, लेकिन सुबह होते ही दोनों पक्ष फिर से आमने-सामने आ गए।

दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हुई और पथराव हुआ। इस दौरान दो दर्जन राउंड फायरिंग हुई। लोगों ने मारपीट और फायरिंग की सूचना डायल 100 को दी। जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामला शांत किया और घायलों को अस्पताल पहुंचाया। इंस्पेक्टर धर्मेंद्र सिंह राठौर के अनुसार इस मामले में फिलहाल कोई तहरीर नहीं दी गई है। मामले की जांच चल रही है मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात है।

गौरतलब है कि पिछले दिनों इसी तरह के एक मामूली विवाद के बाद आगरा में मुस्लिम समुदाय ने दलितों की बेरहमी से पिटाई की थी। हाल के दिनों में दलितो पर मुस्लिम समुदाय के हमलों की कई खबरे आयी हैं लेकिन इन सबमे चौकाने वाली सबसे बड़ी बात यह रही हैं कि दलितो की राजनीति का दावा करने वाली बसपा समेत किसी भी दल ने इन घटनाओ का संज्ञान नही लिया हैं। ना ही इस खबर पर दलितों की चिंता जताने वाले पत्रकारों में कोई चिंता जताई, क्योकि अपराधी खास समुदाय से हैं।

हमारी लड़ाई पत्रकारिता और राजनीति के इसी दोहरे रवैये से हैं। ऐसी खबर हम आप तक लाते रहे इसलिए यहाँ क्लिक कर हमे आर्थिक सहयोग करें।

Leave a Reply