असम: रिसर्च स्कॉलर रेहाना सुल्तान गौमांस खाकर पाकिस्तान का करती थी समर्थन, FIR दर्ज

- Advertisement -

असम (Assam) की गुवाहाटी (Guwahati)
यूनिवर्सिटी की रिसर्च स्कॉलर रेहाना सुल्तान ने दो वर्ष पहले फेसबुक पर एक पोस्ट साझा किया था, जिसमे उन्होंने पाकिस्तान के समर्थन और बीफ की खाने की बात कही थी। जिसके बाद उनके खिलाफ असम पुलिस ने अब एक शिकायत दर्ज की है।

खबर के मुताबिक, रेहाना सुल्ताना (28 वर्ष) के खिलाफ आईपीसी की धारा 153 A और आईटी एक्ट की धारा 67 के तहत मामला दर्ज किया गया है। डीसीपी, गुवाहाटी पश्चिम, केके चौधरी के अनुसार, ‘हमने इस पर स्वत: संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज किया है। यह एक पुरानी पोस्ट है लेकिन हमने इस पर संज्ञान लिया क्योंकि यह फिर से सामने आया है।’

- Advertisement -

पुलिस का कहना कि उन्हें इस बारे में तब जानकारी मिली जब स्थानीय न्यूज वेबसाइट ने इस बारे में बुधवार को खबर छापी, जिसके बाद हमने यह मामला दर्ज किया। वहीं वेबसाइट का दावा है कि सुल्ताना ने यह पोस्ट बकरीद के दिन फेसबुक पर साझा किया है। सुल्ताना ने अपनी डिलीट की गई पोस्ट में लिखा था कि पाकिस्तान की खुशी को साझा करने के लिए आज बीफ खाइए, मैं क्या खाती हूं, यह मेरे स्वाद पर निर्भर करता है, लिहाजा इस पर किसी भी तरह का कोई विवाद मत खड़ा कीजिए, बीफ के बारे में सुनना सीखिए।

इस मामले पर सुल्ताना ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए सफाई दी है कि, ‘इस पोस्ट को जून 2017 में मैंने साझा किया था, उस दिन विराट कोहली जीरो पर आउट हो गए थे, उसी गुस्से में मैंने यह पोस्ट किया था।’ हालांकि सुल्ताना का कहना है कि उन्होंने कहा कि मैं मानती हूं कि मैंने गलती की थी और तुरंत ही पोस्ट को डिलीट कर दिया था। मुझे ऐसा नहीं करना चाहिए था। मेरी पोस्ट के बारे में लोग गलत राय बना सकते हैं, इसी वजह से मैंने उसे कुछ ही मिनट के बाद डिलीट कर दिया था।

बता दें, आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट का यह पहला मामला नही है रेहाना सुल्तान का, इसके पहले भी वह सोशल मीडिया के जरिये नफरत फैलाते पाई गई हैं। गौरतलब है कि एनआरसी की आलोचना करने वाली एक कविता शेयर करने के आरोप में भी पिछले महीने रेहाना सुल्ताना और नौ अन्य के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज किया था।

- Advertisement -
Awantika Singhhttp://epostmortem.org
Social media enthusiast , blogger, avid reader, nationalist , Right wing. Loves to write on topics of social and national interest.
error: Content is protected !!